Gangrape Case : नाबालिग गैंगरेप केस में बड़ा एक्शन…! सिलयारी चौकी प्रभारी सस्पेंड…जांच में लापरवाही पड़ी भारी
वीडियो वायरल होते ही SP ने लिया बड़ा फैसला
रायपुर, 07 जून। Gangrape Case : रायपुर ग्रामीण में नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म मामले में पुलिस विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। जांच में गंभीर लापरवाही सामने आने के बाद सिलयारी चौकी प्रभारी एसआई जितेंद्र दुबे को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। मामले में वायरल वीडियो और पीड़िता के नए बयान के बाद पूरे केस ने नया मोड़ ले लिया।
जारी आदेश में कहा गया है कि चौकी सिलयारी, थाना धरसींवा के अपराध क्रमांक 207/26 धारा 137(2) बीएनएस के प्रकरण की विवेचना में घोर लापरवाही बरतने पर उप निरीक्षक जितेंद्र दुबे को निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि में उन्हें पुलिस अधीक्षक कार्यालय रायपुर ग्रामीण से संबद्ध किया गया है।
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, 18 अप्रैल को नाबालिग बालिका के पिता ने चौकी सिलयारी में बेटी के गुम होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद थाना धरसींवा में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस ने 18 अप्रैल को ही बालिका को खोज लिया था।
महिला पुलिस द्वारा पीड़िता का बयान दर्ज कराया गया और बाल कल्याण समिति व न्यायालय में पेश कर बयान दर्ज किए गए। शुरुआती बयान में बालिका ने किसी भी प्रकार के अपराध से इनकार किया था, जिसके बाद प्रकरण खारिज करने का प्रस्ताव वरिष्ठ कार्यालय भेजा गया।
लेकिन इसी दौरान बालिका के दादा का एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें कथित तौर पर अपराध को दबाने के लिए पैसे लेते हुए दिखाया गया। वीडियो सामने आने के बाद एसपी ग्रामीण ने खारिज प्रस्ताव को अस्वीकार कर दोबारा जांच के आदेश दिए।
पुनः जांच में नाबालिग ने सामूहिक दुष्कर्म की बात स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने दो आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उन्होंने अपराध करना कबूल किया। पुलिस अब वायरल वीडियो की भी जांच कर रही है। यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो पॉक्सो एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
एसपी ने क्या कहा?
ग्रामीण एसपी श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा ने कहा कि चौकी प्रभारी ने मामले को केवल कानूनी प्रक्रिया तक सीमित रखकर देखा, जबकि यह बेहद संवेदनशील मामला था। प्रकरण की गंभीरता को सही तरीके से नहीं आंकने के कारण चौकी प्रभारी को निलंबित किया गया है।




