Opium Cultivation : अफीम की खेती के बाद छत्तीसगढ़ के इस जिले में मिले गांजा के खेत…! दो आरोपी गिरफ्तार
दो अलग-अलग खेतों से भारी मात्रा में गांजा बरामद
रायपुर/कोंडागांव, 27 मार्च। Opium Cultivation : छत्तीसगढ़ के तीन जिलों में बड़े पैमाने में अफीम की खेती का खुलासा होने के बाद अब मक्का फसल के बीच गांजे के खेती का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कोंडागांव जिले के फरसगांव थाना क्षेत्र में मक्के की फसल के बीच छिपाकर गांजे की खेती किए जाने का खुलासा हुआ है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कुल 686 गांजा के पौधे बरामद किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 10 लाख रुपये बताई जा रही है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, फरसगांव थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पावारास में दो व्यक्तियों द्वारा अपने-अपने मक्के के खेतों के बीच गांजे के पौधे उगाने की सूचना मुखबिर से प्राप्त हुई थी। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन ने पुलिस ओर राजस्व अधिकारियों की टीम बना कर ग्राम पावारास पहुंची और संदिग्ध खेतों की घेराबंदी की। फसल की जांच के दौरान खेतों में लगी मक्के की फसल के बीच-बीच में छिपाकर लगाए गए गांजे के पौधों को देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए।
दो अलग-अलग खेतों से भारी मात्रा में गांजा बरामद
तलाशी के दौरान पहला मामला अभिराम यादव (28 वर्ष), पिता सोमरू राम का सामने आया। उसके खेत में मक्के की फसल के बीच कुल 237 नग गांजा के पौधे पाए गए, जिनका कुल वजन लगभग 14.96 किलोग्राम था। वहीं, दूसरे आरोपी श्रवण कुमार उईके (38 वर्ष), पिता सुधूराम के खेत की तलाशी लेने पर वहां से 449 नग गांजा के पौधे बरामद किए गए, जिनका वजन 6.40 किलोग्राम पाया गया।
दोनों आरोपियों के खेतों से कुल 686 नग गांजा के पौधे बरामद किए। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट मामला दर्ज किया गया है।



