बलौदाबाजार, 09 मार्च। Paddy Procurement : बलौदाबाजार जिले में धान खरीदी में गड़बड़ी के मामले में जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए धान खरीदी केंद्र प्रभारी लीलाराम सेन को सेवा से बर्खास्त कर दिया है। उन पर उपार्जित धान में रेत मिलाकर व्यक्तिगत लाभ के लिए हेराफेरी और गबन करने का आरोप साबित हुआ है।
वायरल वीडियो के बाद कार्रवाई
प्राप्त जानकारी के अनुसार प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति मर्यादित निपनिया के धान उपार्जन केंद्र में धान के बोरों में रेत, कंकड़ और धूल-मिट्टी मिलाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इसके बाद 8 मार्च 2026 को संयुक्त जांच दल ने मौके पर पहुंचकर जांच की और अपनी रिपोर्ट प्रशासन को सौंपी।
जांच के दौरान धान उपार्जन केंद्र निपनिया में भौतिक सत्यापन के दौरान 137.20 क्विंटल धान अधिक पाया गया। जांच प्रतिवेदन में बताया गया कि खरीदी प्रभारी लीलाराम सेन ने हमालों के माध्यम से लगभग 5300 कट्टों में 2 से 3 किलोग्राम तक रेत मिलवाई। इसके जरिए लगभग 132 क्विंटल धान की हेराफेरी कर व्यक्तिगत लाभ लेने की कोशिश की गई।
जांच रिपोर्ट के आधार पर उपायुक्त सहकारिता ने खरीदी प्रभारी को पदीय दायित्वों के निर्वहन में घोर लापरवाही का दोषी मानते हुए कार्रवाई की अनुशंसा की। इसके बाद प्राधिकृत अधिकारी ने छत्तीसगढ़ सहकारी सोसायटी अधिनियम 1960 की धारा 55(1) और कर्मचारी सेवा नियम 2018 के नियम 16 के तहत लीलाराम सेन को सेवा से पृथक करने का आदेश जारी कर दिया।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि धान खरीदी में गड़बड़ी या अनियमितता पाए (Paddy Procurement) जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।