KPC पत्रकार की विरासत : रक्तदान के माध्यम से जिंदा रहेगी मानवीय संवेदना

कोरबा। Journalist legacy blood donation कुछ लोग चले जाते हैं, लेकिन उनके विचार समाज में धड़कते रहते हैं। वरिष्ठ पत्रकार स्व. रमेश पासवान भी ऐसी ही शख्सियत थे, जिनकी सोच और समाज के प्रति समर्पण आज भी लोगों को प्रेरित कर रहा है। उनकी स्मृति में कोरबा प्रेस क्लब द्वारा 27 अप्रैल को एक भावनात्मक और मानवीय पहल के तहत ब्लड डोनेशन कैंप का आयोजन किया जा रहा है।
27 अप्रैल 2026 (सोमवार) को टी.पी. नगर स्थित तिलक भवन में सुबह 10 बजे से शुरू होने वाला यह शिविर केवल रक्तदान का आयोजन नहीं, बल्कि स्व. पासवान के अधूरे सपनों को आगे बढ़ाने का प्रयास है। यह वह मंच होगा, जहां इंसानियत सबसे ऊपर होगी और जरूरतमंदों के लिए जीवन की उम्मीद जुटाई जाएगी।
स्व. रमेश पासवान ने अपने पत्रकारिता जीवन में हमेशा समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्ग की आवाज को मजबूती दी। उनकी लेखनी में सच की ताकत और आम लोगों के प्रति गहरी संवेदना झलकती थी। वे सिर्फ खबर लिखने वाले पत्रकार नहीं थे, बल्कि समाज को जोड़ने वाले एक सेतु की तरह थे।
उनकी यही सोच आज इस रक्तदान शिविर के रूप में सामने आ रही है, जहां हर एक यूनिट रक्त किसी अनजान व्यक्ति की जिंदगी बचाने का कारण बन सकता है। “रक्तदान है सबसे बड़ा दान” का संदेश उनके जीवन के मूल्यों को ही दर्शाता है।कोरबा प्रेस क्लब ने शहरवासियों से अपील की है कि वे आगे आएं, रक्तदान करें और स्व. रमेश पासवान की स्मृति को सच्ची श्रद्धांजलि दें।यह आयोजन एक भावुक संदेश भी देता है कि सच्चे कर्म कभी खत्म नहीं होते, वे समाज में नई प्रेरणा बनकर लौटते हैं… और शायद यही किसी इंसान की सबसे बड़ी पहचान होती है।



