Bilaspur News : महतारी वंदन योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा, 11 सरकारी कर्मचारियों के परिवारों ने लिया लाभ, ₹1.24 लाख की होगी वसूली
Bilaspur News : महतारी वंदन का पैसा लिया, अब लौटाना होगा, 11 मामलों में विभाग ने जारी किया वसूली आदेश
बिलासपुर, 21 अगस्त। Bilaspur News : छत्तीसगढ़ की महतारी वंदन योजना में अपात्र होकर लाभ लेने का मामला सामने आया है। बिलासपुर जिले के बिल्हा ब्लॉक में 11 सरकारी शिक्षक और कर्मचारियों से जुड़े परिवारों को योजना का अपात्र लाभार्थी चिन्हित किया गया है। जांच में इन खातों में कुल 1 लाख 24 हजार रुपये की राशि गलत तरीके से पहुंचने की बात सामने आई है।
मामला सामने आने के बाद महिला एवं बाल विकास विभाग की जांच रिपोर्ट के आधार पर बीईओ बिल्हा भूपेंद्र कौशिक ने वसूली के निर्देश जारी किए हैं। संबंधित लोगों को राशि जमा करने के लिए नोटिस भेजा गया है। राशि जमा नहीं करने पर वेतन से रिकवरी की कार्रवाई की जाएगी।
कैसे सामने आया मामला?
एकीकृत बाल विकास परियोजना, बिल्हा की जांच के दौरान योजना के लाभार्थियों के सत्यापन में सरकारी सेवा से जुड़े परिवारों के नाम सामने आए।
जांच के मुताबिक, ऐसे परिवारों की महिलाएं महतारी वंदन योजना का लाभ ले रही थीं, जबकि सरकारी सेवा से जुड़े परिवार होने के कारण वे पात्रता की शर्तों के दायरे में नहीं आती थीं।
कुछ मामलों में स्वयं सरकारी सेवा में कार्यरत महिलाएं भी योजना की लाभार्थी पाई गईं।
11 अपात्र हितग्राही चिन्हित
जांच में चिन्हित 11 मामलों में सरकारी शिक्षक, सहायक शिक्षक, शिक्षा विभाग से जुड़े कर्मचारी और अन्य शासकीय सेवकों के परिवार शामिल बताए गए हैं।
विभाग के अनुसार इन सभी मामलों में योजना के तहत भुगतान की गई राशि की वसूली की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
₹1.24 लाख की राशि की होगी रिकवरी
जांच में कुल ₹1,24,000 की राशि अपात्र लाभार्थियों के खातों में पहुंचने की बात सामने आई है।
बीईओ कार्यालय की ओर से संबंधित कर्मचारियों को नोटिस जारी कर राशि जमा करने को कहा गया है। निर्धारित प्रक्रिया के तहत राशि वापस नहीं करने पर उनके वेतन से वसूली की जाएगी।
BEO ने दिए वसूली के निर्देश
बिल्हा बीईओ भूपेंद्र कौशिक के अनुसार, महिला एवं बाल विकास विभाग की जांच में सरकारी सेवा से जुड़े ऐसे लाभार्थियों की पहचान की गई है, जो योजना की पात्रता के अनुरूप नहीं थे।
उन्होंने बताया कि संबंधित लोगों से राशि की वसूली के आदेश जारी किए गए हैं। राशि जमा नहीं करने पर नियमानुसार वेतन से रिकवरी की जाएगी।
अब सवाल: पात्रता की जांच कैसे हुई?
महतारी वंदन योजना में पात्रता से जुड़े नियमों के तहत लाभार्थियों का सत्यापन महत्वपूर्ण है। इस मामले के सामने आने के बाद अब यह भी सवाल उठ रहा है कि अपात्र परिवारों के आवेदन स्वीकृत होने से पहले उनका सत्यापन किस स्तर पर हुआ और भुगतान की प्रक्रिया में यह जानकारी क्यों नहीं पकड़ी गई।















