मध्यप्रदेश
Silent Heart Attack : रतलाम जिले में घटी दुखद घटना…! चलती ट्रेन के वॉशरूम में एक जज की पत्नी की मौत
आखिरी बार बोलीं ‘वॉशरूम जा रही हूं’
आखिरी बार बोलीं ‘वॉशरूम जा रही हूं’
यात्रा के दौरान दोनों के बीच फोन पर बातचीत भी होती रही। बताया जाता है कि निंबाहेड़ा स्टेशन पहुंचने से कुछ समय पहले उषा चौहान ने अपने पति को फोन कर बताया कि वह वॉशरूम जा रही हैं। उस समय किसी को अंदाजा नहीं था कि यह उनकी आखिरी बातचीत साबित होगी। जब ट्रेन निंबाहेड़ा स्टेशन पहुंची तो जज राजकुमार चौहान अपने डिब्बे से उतरकर पत्नी का इंतजार करने लगे, लेकिन काफी देर तक वह प्लेटफॉर्म पर नहीं पहुंचीं। पहले उन्हें लगा कि शायद वह दूसरे दरवाजे से उतर गई होंगी या सामान लेने में देर हो रही होगी, लेकिन जब काफी देर तक उनका कोई पता नहीं चला तो चिंता बढ़ गई। इसके बाद उन्होंने प्लेटफॉर्म पर यात्रियों और रेलवे कर्मचारियों से पूछताछ की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल पाई। इसी बीच ट्रेन आगे के लिए रवाना हो चुकी थी। पत्नी के अचानक लापता होने पर जज ने तुरंत रेलवे पुलिस को सूचना दी। रेलवे पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आगे के स्टेशनों को अलर्ट किया। पहले ट्रेन को मंदसौर स्टेशन पर रुकवाकर जांच की गई, लेकिन वहां भी महिला का कोई पता नहीं चला।ट्रेन के वॉशरूम में मिली जज की पत्नी
इसके बाद पुलिस ने महिला के मोबाइल की लोकेशन ट्रेस की। लोकेशन से पता चला कि फोन अभी भी ट्रेन में ही है। इसके आधार पर ट्रेन को आगे जावरा स्टेशन पर रुकवाया गया। यहां पुलिस ने उस कोच की जांच की, जिसमें उषा चौहान यात्रा कर रही थीं। तलाशी के दौरान कोच के एक वॉशरूम का दरवाजा अंदर से बंद मिला। काफी देर तक दरवाजा खटखटाने के बावजूद कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। स्थिति को गंभीर देखते हुए पुलिस और रेलवे कर्मचारियों ने वॉशरूम का दरवाजा तोड़ दिया। दरवाजा खुलते ही अंदर उषा चौहान अचेत अवस्था में पड़ी मिलीं। उन्हें तुरंत बाहर निकालकर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। प्रारंभिक जांच में डॉक्टरों ने आशंका जताई कि उनकी मौत साइलेंट हार्ट अटैक के कारण हुई है। इस दुखद घटना की खबर मिलते ही परिवार में शोक की लहर दौड़ गई। जरूरी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद महिला का शव परिजनों को सौंप दिया गया और परिवार अंतिम संस्कार के लिए रवाना हो गया।






