कोरबा, 02 जून 2026।Illegal Mining in Korba छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में अवैध उत्खनन और खनिजों के अवैध परिवहन पर प्रशासन ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। कलेक्टर कुणाल दुदावत के सख्त निर्देश और उप संचालक (खनि प्रशासन) के मार्गदर्शन में गठित दो विशेष खनिज उड़नदस्ता दलों ने जिले के 18 अलग-अलग स्थानों पर एक साथ छापेमारी की। इस औचक कार्रवाई से अवैध कारोबारियों में हड़कंप मच गया है। जांच के दौरान अवैध गतिविधियों में लिप्त 7 वाहनों को जब्त किया गया है।
इन 18 इलाकों में दी गई दबिश
गौण खनिजों के अवैध उत्खनन की लगातार मिल रही शिकायतों के बाद खनिज विभाग ने एक मेगा प्लान तैयार किया। इसके तहत जिले के इन प्रमुख क्षेत्रों में सघन निरीक्षण किया गया:
- सीतामढ़ी, बरमपुर, छुराकछार, झोराघाट, कूचापारा, मौहरा।
- औराभाठा, डुडगा, चाकागुड़ा, कनबेरी, कुदुरमाल, गीतारी।
- चिचोली, कटबितला, भैंसामुड़ा, भिलाईखुर्द, सुहागपुर और भैसमा।
रेत, गिट्टी और ईंट का अवैध परिवहन: 7 ट्रैक्टर पकड़े गए
जांच दलों ने बिना किसी वैध दस्तावेज के रेत, गिट्टी, मिट्टी और ईंट का परिवहन करते हुए 7 वाहनों (ट्रैक्टरों) को रंगे हाथों पकड़ा।
- प्रमुख क्षेत्र जहां गाड़ियां पकड़ी गईं: जमनीपाली, छुरीकला, औराभाठा और पहन्दा।
- सुरक्षा अभिरक्षा: जब्त किए गए सभी वाहनों को आगामी वैधानिक कार्रवाई के लिए दर्री थाना, बाल्कोनगर थाना, कटघोरा, उरगा और खनिज जांच नाका रामपुर की सुरक्षा अभिरक्षा में सौंप दिया गया है।
राजस्व सुरक्षा और नियमों का कड़ाई से पालन
खनिज विभाग के अधिकारियों के अनुसार, इस बड़े अभियान का मुख्य उद्देश्य शासन को होने वाले राजस्व के नुकसान को रोकना और प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा करना है। पकड़े गए आरोपियों और वाहन स्वामियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम तथा अन्य प्रासंगिक वैधानिक प्रावधानों के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
खनिज विभाग की दोटूक चेतावनी:
“जिले में अवैध उत्खनन और परिवहन के खिलाफ यह अभियान थमेगा नहीं, बल्कि लगातार जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति या वाहन संचालक को बख्शा नहीं जाएगा और भविष्य में इससे भी अधिक सख्त कदम उठाए जाएंगे।”
पीके नायक, उप संचालक खनिज
माफियाओं में खौफ
प्रशासन की इस अचानक और संयुक्त कार्रवाई ने जिले के खनिज माफियाओं की कमर तोड़ दी है। स्थानीय स्तर पर इसे अवैध खनन पर नकेल कसने की दिशा में प्रशासन का एक बेहद प्रभावी और सराहनीय कदम माना जा रहा है।




