
गेवरा-दीपका।SECL Korba कोल इंडिया सेफ्टी बोर्ड के सदस्य एवं एचएमएस नेता अख्तर जावेद उस्मानी 16 से 22 अगस्त 2026 तक गेवरा-दीपका, कुसमुंडा और कोरबा क्षेत्र के दौरे पर हैं। दौरे के दौरान उन्होंने खदानों, कर्मचारियों के प्रशिक्षण केंद्र वीटीसी (VTC) और गेवरा अस्पताल का निरीक्षण कर सुरक्षा, प्रशिक्षण और कर्मचारियों की सुविधाओं से जुड़े मुद्दों की जानकारी ली।

गेवरा अस्पताल के दौरे के दौरान उन्होंने नर्सिंग एवं पैरामेडिकल स्टाफ से मुलाकात कर उनकी कार्यस्थल संबंधी समस्याओं और सुविधाओं के बारे में चर्चा की। उन्होंने अस्पताल में पीएमई (Periodic Medical Examination) तथा वीटीसी में दी जा रही ट्रेनिंग की गुणवत्ता को और बेहतर करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
मजदूरों की समस्याओं पर हुई विस्तृत चर्चा
20 अगस्त की शाम गेवरा क्षेत्र स्थित एचएमएस कार्यालय में गेवरा-दीपका, कुसमुंडा और कोरबा क्षेत्र के कोयला मजदूर पंचायत संगठन के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के साथ आवश्यक बैठक आयोजित की गई। बैठक में कोल इंडिया सेफ्टी बोर्ड सदस्य अख्तर जावेद उस्मानी ने कर्मचारियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की।

बैठक में विशेष रूप से महिला कर्मचारियों की कार्यस्थल संबंधी समस्याओं एवं सुविधाओं, माइनिंग स्टाफ के प्रमोशन, कार्यस्थल की परेशानियों तथा माइनिंग सरदारों के जूनियर ओवरमैन पद पर प्रमोशन में आ रही विसंगतियों को लेकर चर्चा हुई।
इसके अलावा रिस्ट्रिक्टेड सर्टिफिकेट होल्डर ओवरमैन के प्रमोशन, उन्हें मिलने वाले चार्ज अलाउंस सहित विभिन्न सेवा संबंधी मामलों पर भी संगठन के पदाधिकारियों को जानकारी दी गई।
12वें वेतन समझौते और सीक्रेट बैलेट पर भी चर्चा
बैठक में 12वें वेतन समझौते के लिए नेगोशिएशन काउंसिल के गठन हेतु होने वाली सीक्रेट बैलेट वोटिंग को लेकर भी चर्चा हुई। श्री उस्मानी ने अधिकारियों और कर्मचारियों के वेतन में बढ़ते अंतर तथा प्रबंधन की नीतियों से कर्मचारियों पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर संगठन का पक्ष रखा।
उन्होंने संगठन की आगामी रणनीति और सदस्यता सत्यापन को लेकर भी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के साथ विचार-विमर्श किया। उन्होंने एचएमएस से संबद्ध कोयला मजदूर पंचायत संगठन को और मजबूत करने तथा कर्मचारियों के बीच संगठन की सक्रियता बढ़ाने पर जोर दिया।
“कर्मचारियों के लिए संघर्ष करना ही संगठन का काम”
श्री अख्तर जावेद उस्मानी ने पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं से कहा कि कर्मचारियों की समस्याओं को प्रबंधन के समक्ष मजबूती से उठाना और उनकी जायज मांगों को पूरा कराने के लिए संघर्ष करना संगठन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के हित में लगातार काम करके ही संगठन को मजबूत और आगे बढ़ाया जा सकता है।
बैठक में एचएमएस एवं कोयला मजदूर पंचायत से जुड़े पदाधिकारी और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। दौरे के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, प्रशिक्षण की गुणवत्ता और श्रमिक हितों से जुड़े मुद्दे प्रमुखता से केंद्र में रहे।















