
कोरबा। ऊर्जाधानी के एक थानेदार ने आखिरकार चैन की सांस ली है वह भी ऐसी कि अब हर सांस में “मनी की धूनी” और “कोयले की महक” घुल गई है।
उनके “कमाल” को देखकर लोग कहने लगे है “कम हाइट वाले साहब ने बड़ा काम कर दिया… भले ही नाम बदनाम हुआ, पर धोती फाड़कर रुमाल कर दिया।”
मामला हाई प्रोफाइल कोल लिफ्टर हत्या से जुड़ा है। इस केस में फरार चल रहे वीआईपी आरोपी और एसईसीएल के एजीएम साहब की किस्मत आखिरकार चमक गई। करोड़पति आरोपियों पर पुलिस की मेहरबानी ऐसे रही कि गिरफ्तारी के बढ़ते दबाव के बावजूद भी एजीएम को लगातार ढील मिलती रही।
सूत्रों का कहना है कि थाने में इस पूरे प्रकरण की “मनी ट्रेल” नहीं, बल्कि “प्रोटेक्शन टेल” चली थी। कोर्ट की फटकार, मीडिया की सुर्खियाँ, और जनता के सवाल सब धरे के धरे परे रह गए। कानून के हाथ तो लंबे हैं, लेकिन इस केस में शायद थानेदार के हाथ पाकिट में धंसे हुए थे।
अब जब एजीएम साहब को जमानत मिल गई, तो थानेदार ने भी चैन की सांस ली। कहा जा रहा है कि अब साहब खुद कोयले के धंधे में हाथ आजमाने की सोच रहे हैं। जनता बस मुस्कुराकर कह रही है “वाह साब जी, आपने तो कमाल कर दिया… धोती फाड़कर रुमाल कर दिया!”



