Korba : SP रहे IPS राजा बाबू 33 बरस राज काज के कर्म पूर्ण कर… रिटायमेंट के बाद अयोध्या में रामकाज का धर्म निभाएंगे 

Desk Reporter
2 Min Read

रायपुर। पुलिस डिपार्टमेंट में आईपीएस राजाबाबू सिंह का नाम किसी परिचय का मोहताज नहीं। एक जांबाज और तेज तर्रार पुलिस कप्तान के रूप में उन्होंने अपने काम से न केवल कोरबा, बल्कि मध्यप्रदेश और पूरे छत्तीसगढ़ में जहां भी पोस्ट हुए, खास पहचान छोड़ कर रुकसत हुए। वे 2027 में 33 साल की सर्विस पूरी कर रिटायर होंगे। इस बीच उन्होंने जिंदगीभर लोक सेवा की जिम्मेदारियों की इतिश्री कर कर्तव्य पथ के एक नई यात्रा शुरू करने का ऐलान किया है। रिटायरमेंट के बाद उन्होंने अयोध्यजी में ही रहकर श्रीराम की सेवा का धर्म धारण करने का निर्णय किया है, जिसका वे जीवनपर्यंत पालन करेंगे।

मध्यप्रदेश कैडर के आईपीएस अफसर राजाबाबू सिंह ने अपनी मंशा व्यक्त करते हुए बताया कि सेवानिवृत्त होने के बाद वे मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम की सेवा में मन और जीवन समर्पित कर देंगे। उन्होंने कहा कि सेवानिवृत्त होने के बाद वे अयोध्या में ही रहेंगे और श्रीराम की सेवा करेंगे। राजाबाबू मध्यप्रदेश कैडर के 1994 बैच के आईपीएस अफसर है और वर्तमान में आईजी बीएसएफ के पद पर केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर पदस्थ हैं। राजाबाबू आईपीएस की नौकरी में आने से पहले 1992 में कारसेवक के तौर पर भी अयोध्या गए थे। वे बावरी ढांचा ढहाए जाने वाले दिन अयोध्या में थे। यह काम उन्होंने तब किया था, जब वे इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्र थे। अब उनका मन फिर से राम में रम गया है, लेकिन सरकारी सेवा की मौजूदा जिम्मेदारियों के बीच फिलहाल वे ऐसा नहीं कर पा रहे हैं। वे जुलाई 2027 में सेवानिवृत्त होंगे। उसके बाद वे अयोध्या में रहेंगे। वे कहते हैं कि मैंने तय किया है कि सेवानिवृत्त होने के बाद अयोध्या में रहकर भगवान राम के रोज दर्शन करेंगे। प्रार्थना और योग करेंगे। इसी तरह अपना शेष जीवन श्रीराम की सेवा के लिए अर्पित कर देंगे।

Share This Article