
CG Breaking: मनेंद्रगढ़। छत्तीसगढ़ के एमसीबी मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले के नौगईं गांव में रेत कारोबार को लेकर हुए बीजेपी नेता सहित चर्चित तिहरे हत्याकांड मामले के मुख्य आरोपी मनोज त्रिपाठी सहित चार आरोपियों ने शनिवार को मनेंद्रगढ़ थाने में आत्मसमर्पण कर दिया। घटना के बाद से सभी आरोपी फरार चल रहे थे।
CG Breaking: पुलिस के अनुसार, सरेंडर करने वालों में मुख्य आरोपी मनोज त्रिपाठी के अलावा निशांत त्रिपाठी, अमन त्रिपाठी और आशुतोष त्रिपाठी शामिल हैं। बता दें कि मंगलवार देर रात नौगईं गांव में रेत कारोबार को लेकर चल रहे विवाद ने खूनी रूप ले लिया था। हमलावरों ने एक फॉर्च्यूनर वाहन का रास्ता रोकने के लिए उसके आगे और पीछे हाईवा वाहन खड़े कर दिए। इसके बाद वाहन पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी गई। इस भयावह घटना में भाजपा नेता भरत सिंह उर्फ लल्ला सिंह की मौके पर ही जलकर मौत हो गई थी।
CG Breaking: घटना में वाहन में सवार उनके चचेरे भाई एवं शिक्षक नागेंद्र सिंह गंभीर रूप से झुलस गए थे, जिनकी बाद में बिलासपुर में उपचार के दौरान मृत्यु हो गई। वहीं एक अन्य घायल ने अंबिकापुर में दम तोड़ दिया। इस प्रकार घटना में कुल तीन लोगों की जान चली गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने नौ नामजद आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज किया था। घटना के बाद की गई कार्रवाई में पुलिस पहले ही अक्षय त्रिपाठी, सत्यकुमार त्रिपाठी, महेंद्र त्रिपाठी और विशाल त्रिपाठी को गिरफ्तार कर चुकी है।
CG Breaking: एमसीबी की पुलिस अधीक्षक रत्ना सिंह ने बताया कि, प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि विवाद रेत के अवैध खनन और कथित वसूली को लेकर था। चिरमिरी क्षेत्र के रेत घाटों के संचालन को लेकर दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से तनाव बना हुआ था, जिसने अंततः हिंसक रूप धारण कर लिया। पुलिस के मुताबिक, मामले में अभी भी गौरव त्रिपाठी नामक आरोपी फरार है, जिसकी तलाश जारी है।
CG Breaking: इधर, नौगईं में हुए इस जघन्य अपराध को लेकर क्षेत्र में भारी आक्रोश है। विभिन्न सामाजिक संगठनों और करणी सेना ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई, निष्पक्ष जांच और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए गांव और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई है।






