मनेंद्रग, 15 जनवरी। Teachers Dismissed : छत्तीसगढ़ के मनेंद्रगढ़–चिरमिरी–भरतपुर क्षेत्र में दो आदिवासी शिक्षकों अशोक कुमार सिंह और अभय कुजूर की बर्खास्तगी ने राजनीतिक और सामाजिक बहस को जन्म दे दिया है। इन शिक्षकों को 19 फरवरी 2025 को शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, ग्राम साल्ही में निर्वाचन सामग्री वितरण के दौरान कथित मदिरा सेवन के आरोप में सेवा से बर्खास्त किया गया।
बर्खास्तगी की अनुशंसा कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी ने की थी, जिसके बाद शिक्षक संगठनों और आदिवासी समाज में गहरी नाराजगी देखी गई। इस मामले में पूर्व विधायक गुलाब कमरो ने कड़ा रुख अपनाया है और इसे प्रशासनिक कठोरता के साथ-साथ आदिवासी समाज की सामाजिक-सांस्कृतिक परिस्थितियों की अनदेखी बताया है।
गुलाब कमरो ने अपने पत्र में कहा कि आदिवासी समाज की परंपराओं में कभी-कभी पारंपरिक अवसरों पर मदिरा का सेवन होता है, और पूर्व रात्रि में किए गए सेवन की गंध को अगले दिन त्रुटि मान लेना न्यायसंगत नहीं है। उन्होंने कहा कि बिना समुचित जांच और सुधार के अवसर दिए सीधे सेवा से पृथक करना अन्यायपूर्ण है।
पूर्व विधायक ने राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग, आयुक्त सरगुजा संभाग और मुख्य सचिव, छत्तीसगढ़ शासन को विस्तृत पत्र भेजकर दोनों शिक्षकों को पुनः सेवा में बहाल करने और सुधार का अवसर देने की मांग की है। उन्होंने शासन से मानवीय और संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाने की अपील की है। यह मामला आदिवासी समाज के अधिकारों और प्रशासनिक कार्रवाई की संवेदनशीलता पर चर्चा का केंद्र बना हुआ है।