
यात्रियों की सुविधा होगी सर्वोच्च प्राथमिकता, हर प्रस्तावित रूट का होगा तकनीकी परीक्षण, जरूरत के अनुसार बनेंगे नए बस स्टॉप।
कोरबा। Korba E-Bus Service कोरबा शहर को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन की दिशा में बड़ी सौगात देने की तैयारी तेज हो गई है। जिले में प्रस्तावित 40 ई-बसों का संचालन केवल कागजों तक सीमित न रहे, बल्कि आम नागरिकों को सुरक्षित, सुविधाजनक और बेहतर यात्रा का अनुभव मिले, इसके लिए जिला प्रशासन ने जमीनी स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं।
कलेक्टर कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में आयोजित जिला अर्बन पब्लिक सर्विस सोसायटी की साधारण सभा की बैठक में ई-बसों के संचालन से जुड़े सभी महत्वपूर्ण पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में नगर निगम आयुक्त आशुतोष पांडेय, कार्यपालन अभियंता राकेश मसीह सहित सोसायटी के सदस्य मौजूद रहे।
बैठक में 40 ई-बसों के प्रस्तावित रूट चार्ट पर विचार किया गया। कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी मार्ग को अंतिम रूप देने से पहले उसका भौतिक निरीक्षण किया जाए। सड़क की चौड़ाई, बसों के सुरक्षित आवागमन, मोड़ लेने के लिए पर्याप्त स्थान और यात्री सुविधा जैसे सभी तकनीकी पहलुओं का परीक्षण सुनिश्चित किया जाए।
कलेक्टर ने कहा कि ई-बस सेवा का उद्देश्य केवल वाहन चलाना नहीं, बल्कि शहरवासियों को एक भरोसेमंद, सुरक्षित और सुगम सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध कराना है। इसी सोच के साथ जहां आवश्यकता होगी वहां नए बस स्टॉप भी चिन्हित किए जाएंगे ताकि अधिक से अधिक लोगों को इस सेवा का लाभ मिल सके।
बैठक में ई-बस संचालन के लिए निर्धारित जीसीसी दरों के अनुमोदन, चयनित निविदाकार को लेटर ऑफ अवार्ड जारी करने तथा संबंधित नगरीय निकायों के साथ रियायत अनुबंध की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने पर भी चर्चा हुई।
प्रशासन का मानना है कि ई-बस सेवा शुरू होने से न केवल शहर में यातायात व्यवस्था अधिक व्यवस्थित होगी, बल्कि प्रदूषण में कमी आएगी और नागरिकों को आधुनिक, सुरक्षित एवं पर्यावरण हितैषी परिवहन सुविधा भी उपलब्ध होगी। यह पहल कोरबा को स्मार्ट और टिकाऊ शहरी परिवहन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।






