रायपुर, 02 जुलाई। Heavy Rain Warning : छत्तीसगढ़ में मानसून ने आखिरकार जोर पकड़ लिया है और प्रदेश के कई हिस्सों में झमाझम बारिश का सिलसिला शुरू हो चुका है। मौसम विभाग (IMD रायपुर) ने आगामी 5 जुलाई तक पूरे राज्य में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इसके साथ ही वज्रपात (आकाशीय बिजली) को लेकर भी 15 जिलों में खतरे की घंटी बज चुकी है।
कहां-कैसा अलर्ट?
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सभी 33 जिलों में येलो अलर्ट जारी
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रायपुर और सरगुजा संभाग में ऑरेंज अलर्ट
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18 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
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15 जिलों में वज्रपात का खतरा, इनमें शामिल हैं:
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धमतरी, रायगढ़, जशपुर, कोरिया, कांकेर, सुकमा आदि
बिलासपुर और कोरबा जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना जताई गई है।
भारी बारिश की वजह क्या है?
मौसम विभाग के अनुसार:
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मानसून की ट्रफ लाइन समुद्र तल से 0.9 किमी ऊपर श्रीगंगानगर, रोहतक, कानपुर, वाराणसी, झारखंड होते हुए दीघा और बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है।
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इसके साथ ही पूर्वी-मध्य बंगाल की खाड़ी में बना लो-प्रेशर सिस्टम (निम्न दबाव का क्षेत्र) प्रदेश में मूसलाधार बारिश का कारण बन रहा है।
बीते दिनों रायपुर, अंबिकापुर और आसपास के क्षेत्रों में पहले ही भारी वर्षा और जलजमाव की स्थिति देखी गई है।
बिजली गिरने का बड़ा खतरा
कांकेर, सुकमा और कई जिलों में आकाशीय बिजली गिरने की आशंका मौसम विभाग ने जताई है। विगत वर्षों में राज्य में वज्रपात से जान-माल की हानि हुई है, जिससे सतर्कता बेहद जरूरी है।
IMD की आमजन को अपील
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खराब मौसम में बेवजह बाहर न निकलें
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खुले में मोबाइल फोन का इस्तेमाल न करें
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बिजली के खंभों और ऊंचे पेड़ों से दूरी बनाए रखें
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मौसम अपडेट्स के लिए स्थानीय प्रशासन या मौसम विभाग की सूचनाएं लगातार चेक करें
जनता के लिए अलर्ट, प्रशासन के लिए चुनौती
राज्य सरकार और आपदा प्रबंधन दलों के सामने अगले कुछ दिन कड़ी निगरानी और त्वरित राहत व्यवस्था सुनिश्चित करने की चुनौती है। खासकर ग्रामीण और नदी किनारे बसे इलाकों में जलभराव और बाढ़ का खतरा बढ़ सकता है।














