
कोरबा NEWS POWER ZONE।Neelkanth Mines Attendance Dispute Korba एसईसीएल के कुसमुंडा क्षेत्र अंतर्गत नीलकंठ माइंस में हाजिरी दर्ज कराने को लेकर शुरू हुआ विवाद देर रात हिंसक झड़प में बदल गया। मामूली कहासुनी ने ऐसा तूल पकड़ा कि दोनों पक्षों के बीच मारपीट हो गई। घटना के बाद दोनों ओर से शिकायत दर्ज कराई गई, जिस पर कुसमुंडा पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, सोनपुरी निवासी 24 वर्षीय दीपक कंवर ने शिकायत में बताया कि वह नीलकंठ माइंस में चालक के पद पर कार्यरत है। देर रात करीब 9:30 बजे ड्यूटी पर पहुंचने के बाद उसने सुपरवाइजर से हाजिरी लगाने का अनुरोध किया। इसी दौरान समय को लेकर वहां मौजूद सचिन पटेल और रवि पटेल से विवाद शुरू हो गया।
दीपक का आरोप है कि विवाद के दौरान दोनों ने गाली-गलौच करते हुए उसके साथ मारपीट की, जिससे उसके दाहिने पैर में चोट आई। घटना के समय अन्य कर्मचारी भी मौके पर मौजूद थे। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
सुपरवाइजर ने भी दर्ज कराई शिकायत
दूसरी ओर नीलकंठ माइंस के सुपरवाइजर सचिन पटेल ने भी पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हुए अलग कहानी बताई है। सचिन के अनुसार, रात करीब 11 बजे दीपक कंवर, कृष्णा महंत, टेशु पटेल और उनके कुछ साथी माइंस में टीपर वाहनों को रोक रहे थे, जिससे खदान का कार्य प्रभावित हो रहा था।
सूचना मिलने पर जब रविशंकर पटेल, भूषण पटेल और सुमित पटेल मौके पर पहुंचे और वाहन रोकने का कारण पूछा, तब विवाद बढ़ गया। सचिन का आरोप है कि दीपक और उसके साथियों ने गाली-गलौच करते हुए हमला कर दिया। बीच-बचाव करने पहुंचे कर्मचारियों के साथ भी मारपीट की गई तथा माइंस प्रबंधन के अधिकारियों के साथ अभद्र व्यवहार किया गया।
दोनों पक्षों पर अपराध दर्ज
घटना के बाद कुसमुंडा पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2), 296 और 3(5) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है। पुलिस मामले से जुड़े सभी पक्षों के बयान दर्ज कर रही है तथा घटना के दौरान मौजूद अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
खदान क्षेत्र में बनी चर्चा का विषय
नीलकंठ माइंस जैसे संवेदनशील औद्योगिक क्षेत्र में हाजिरी को लेकर हुई यह झड़प अब चर्चा का विषय बन गई है। कर्मचारियों के बीच अनुशासन और कार्यस्थल पर विवाद प्रबंधन को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। फिलहाल पुलिस साक्ष्यों और प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों के आधार पर मामले की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।





