Sex Racket Busted : वाराणसी में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़…! होटल में छापेमारी के दौरान दो विदेशी युवतियां खिड़की से कूदकर फरार
देह व्यापार का अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क बेनकाब, वाराणसी पुलिस की छापेमारी में खुलासा
वाराणसी, 30 अक्टूबर। Sex Racket Busted : उत्तर प्रदेश के वाराणसी शहर में पुलिस ने एक बड़े सेक्स रैकेट का खुलासा किया है। मामला कैंट थाना क्षेत्र के छावनी इलाके का है, जहां बुधवार दोपहर पुलिस ने एक होटल में छापा मारकर देह व्यापार का पर्दाफाश किया।
छापेमारी के दौरान दो विदेशी (संभावित रूप से रूसी) युवतियां खिड़की से कूदकर फरार हो गईं, जबकि चार अन्य युवतियों एक दिल्ली और तीन कोलकाता की निवासी को पुलिस ने आपत्तिजनक हालत में गिरफ्तार किया।
कैसे हुआ खुलासा
डीसीपी वरुणा जोन प्रमोद कुमार और एडीसीपी नीतू कादयान के नेतृत्व में पुलिस टीम ने दोपहर करीब 2:30 बजे जेएचवी मॉल रोड के पीछे स्थित होटल ‘टाउन हाउस’ में छापा मारा। पुलिस को पहले से सूचना मिली थी कि यहां विदेशी और बाहरी राज्यों की युवतियों से देह व्यापार कराया जा रहा है।
होटल के कमरों की तलाशी के दौरान जब दो विदेशी युवतियों ने दरवाजा खोलने से इनकार किया, तो पुलिस ने करीब एक घंटे बाद जबरन दरवाजा तोड़ा, लेकिन कमरा खाली मिला।
सीसीटीवी फुटेज में यह साफ हुआ कि दोनों विदेशी युवतियां खिड़की से कूदकर पास की इमारत की छत पर चढ़ गईं और वहां से गली में उतरकर भाग निकलीं। पुलिस का मानना है कि दोनों रशियन नागरिक हैं। उनकी पहचान और वीजा संबंधी विवरण की जांच शुरू कर दी गई है।
होटल मालिक और मैनेजर पर कार्रवाई
पुलिस जांच में सामने आया कि होटल की इमारत सुमित शरीन की है, जिन्होंने इसे दसमीत सिंह को एग्रीमेंट पर दिया था। बाद में होटल का संचालन कई हाथों से होते हुए पीयूष जायसवाल तक पहुंचा, जिन्होंने गाजीपुर निवासी उमेश यादव को होटल मैनेजर नियुक्त किया था।
छापेमारी के दौरान मैनेजर उमेश यादव मौके से फरार हो गया, जबकि अन्य स्टाफ को पुलिस ने हिरासत में लिया। एसीपी कैंट की तहरीर पर ट्रैवल डेस्क संचालक शिवम शर्मा सहित पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क की जांच
पुलिस को होटल से कई आपत्तिजनक वस्तुएं, मोबाइल, दस्तावेज और रजिस्टर मिले हैं। प्रारंभिक जांच में संकेत मिले हैं कि यह गिरोह अंतरराज्यीय ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सक्रिय हो सकता है।
पुलिस अब होटल के वित्तीय लेन-देन, ऑनलाइन बुकिंग रिकॉर्ड और ट्रैवल एजेंट्स की भूमिका की भी जांच कर रही है। विदेशी युवतियों के वीजा और पासपोर्ट की वैधता की जानकारी इमीग्रेशन विभाग से मांगी गई है।



