कोरबा, 27 जनवरी। Attempted Suicide : छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां नगर सेना विभाग के बर्खास्त जवान संतोष पटेल ने मानसिक उत्पीड़न से तंग आकर आत्महत्या की कोशिश की। कोरबा कलेक्टोरेट परिसर में हुए इस हादसे ने प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मचा दिया है।
कलेक्टोरेट परिसर में सुसाइड अटेंप्ट
जानकारी के मुताबिक, संतोष पटेल को नगर सेना से बर्खास्त किया गया था, जिससे वह गहरे मानसिक सदमे में था। प्रशासनिक मदद के बजाय उसने कलेक्टोरेट परिसर में जहरीला पदार्थ खा लिया। उसे तुरंत मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ से उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे रायपुर रेफर कर दिया गया। फिलहाल, जवान जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहा है।
अफसरों पर प्रताड़ना के गंभीर आरोप
जवान ने सुसाइड नोट लिखा है, जिसमें उसने कोरबा कमांडेंट और डिविजनल कमांडेंट पर मानसिक प्रताड़ना का गंभीर आरोप लगाया है। इस नोट में संतोष ने अफसरों द्वारा किए गए शोषण और उत्पीड़न का जिक्र किया है, जिससे यह मामला और भी गंभीर हो गया है। यह सुसाइड नोट अब विभागीय जांच के लिए महत्वपूर्ण सबूत बन गया है।
जवानों का विरोध, कार्यालय का घेराव
संतोष पटेल की आत्महत्या की कोशिश की खबर जैसे ही अन्य नगर सैनिकों को लगी, उनका गुस्सा भड़क उठा। जवानों ने नगर सेना कार्यालय का घेराव कर प्रदर्शन शुरू कर दिया। उनका प्रमुख मांग है, दोषी जिला सेनानी अनुज एक्का के खिलाफ तुरंत आपराधिक मामला दर्ज किया जाए। पीड़ित जवान संतोष पटेल को बिना शर्त नौकरी पर वापस लिया जाए।
यह पहला मामला नहीं है, जब जिला सेनानी पर आरोप लगे हों। इससे पहले महिला नगर सैनिकों ने भी उन्हें मानसिक उत्पीड़न और बदसलूकी के आरोप लगाए थे। बार-बार मिल रही शिकायतों के बावजूद प्रशासन द्वारा कार्रवाई न किए जाने से जवानों का गुस्सा फूटा है। अब यह मामला प्रशासन के लिए गले की हड्डी बन चुका है।












